Latest News

गुरुवार, 22 मार्च 2018

रोडवेज अधिकारियों की तानाशाही गलती करने के बाद भी नहीं होती कोई कार्यवाही




सुना था जब भाजपा सरकार आयेगी तो सारा भ्रष्टाचार खत्म हो जायेगा पर ऐसा जमीनी स्तर पर कुछ देखने को नहीं मिल रहा।

मामला कानपुर के मुख्य बस स्टैंड झकरकटी का है जहां के अधिकारी आपस में मिलीभगत कर बस स्टैंड को अपनी प्राइवेट सम्पति समझ बैठे है। लगातार शिकायत के बाद भी कोई कार्यवाही नहीं की जा रही है। गत दिनों हमारे संवादाता ने बसों में होने वाली अवैध लोडिंग अनलोडिंग की खबरें चलायी थी।जिस कारण कई अधिकारि बौखला गये उसी बौखलाहट में अधिकारी लामबध्ध हो गये और आज कवरेज के लिये गये हमारे संवादाता को घेर लिया और उनके साथ बदसलूकी की व बस स्टैंड परिसर में दोबारा न दिखने की धमकी तक दे डाली। जब इसकी शिकायत करने कई और संवादाता वहां पहुंचे और अधिकारियों से उनके नाम पूछे तो किसी भी अधिकारी ने अपना नाम तक नहीं बताया। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार उनमें से एक अधिकारी के नाम की जानकारी हुई जिनका नाम *सुरेश चंद शंखवार था(यातायात अधीक्षक )*। गत कई दिनों से झकरकटी बस स्टैंड में काफी अराजकता बढ़ गई है बगैर मानक के व्यापारियों का माल अवैध तरीके से बसों में लादा जाता है जिससे सरकार के कोष को रोजाना तगड़ा चूना लगाया जा रहा है। अवैध तरीके से बसों के अंदर खानपान की सामग्री अधिकारियों की मिलीभगत से बिक रहा है। जिसकी जानकारी होने के बाद भी अधिकारी कोई कार्यवाही नहीं करते और उनसे इस बाबत शिकायत की जाती है तो उल्टा शिकायत करता को बाहर का रास्ता दिखा दिया जाता है। कब परिवहन मंत्री इस बस स्टैंड का संज्ञान लेंगे कब ऐसे अधिकारियों पर कार्यवाही होगी?कब यात्रियों की सुरक्षा व सुविधा का ख्याल रखा जायेगा।

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें


Created By :- KT Vision